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सीढ़ी का वास्तु दोष एवं उपाय
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सीढ़ी का वास्तु दोष एवं उपाय
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मकान के निर्माण काल में बहुत सारे चीजों को ध्यान देने के बाद सीढ़ी के तरफ ध्यान अवश्य जाता है। क्योकि सीढ़ी की भूमिका मकान के लिए महत्वपूर्ण होती है इसलिए सीढ़ी में किसी प्रकार का वास्तुदोष है तो उसका प्रभाव पुरे परिवार पर पड़ता है इसलिए सीढ़ी का वास्तु दोष तुरन्त दूर करना चाहिए।
आज के एपिसोड में सीढ़ी के वास्तु दोष को दूर करने का बहुत ही सरल तरीका बताने जा रहा हूँ। आइये और जानकारी के लिये आगे बढ़े।
सीढ़ी को बनाते समय कुछ महत्तवपूर्ण बातों की जानकारी होना अनिवार्य होता है। यदि मकान बनाते समय मकान मालिक वास्तु के जानकार नहीं है तो ऐसी स्थिति में वास्तु दोष होना स्वभाविक हो जाता है।
अक्सर होने वाले वास्तु दोष इस प्रकार के देखे गये है जैसे -
कुछ लोग सोचते है कि सीढ़ी के नीचे खाली जगह का उपयोग क्यों ना कर लिया जाय। इस उपयोग के विचार से लोग सीढ़ी के नीचे बाथरूम ,टॉयलेट , किचेन एवं पूजा घर बनाने लगते है। जो एक बहुत बड़ा वास्तु दोष होता है।
कुछ लोग सोचते है सीढ़ी के नीचे क्यों ना जूता चप्पल रखने का स्थान बना दिया जाय।
सीढ़ी बनाते समय निम्न बातो का ध्यान देना चाहिये --
सीढ़ियों की पूरी संख्या को विभाजित करें तो शेष 2 बचना चाहिये यदि ऐसा होता है तो यह शुभ माना जाता है।
सीढ़ी के नीचे के स्थान को कभी -भी भूलकर अपने नीजी कार्यो में ना लाये अर्थात बाथरूम ,टॉयलेट किचेन व पूजा घर न बनवाये। क्योकि इसका उपयोग करने पर वास्तु दोष होता है जिससे बच्चो की पढ़ाई लिखाई एवं प्रगति के लिए बाधा उत्पन्न हो जाती है।
सीढ़ी के शुरू और अंतिम में दरवाजा जरूर होना चाहिये।
सीढ़ी के लिए उत्तर - पश्चिम की दिशा अच्छी मानी जाती है।
यदि सीढ़ी की दिशा दक्षिण - पूर्व होतो यह भी अच्छा माना जाता है।
यदि सीढ़ी की दिशा उत्तर - पूर्व होतो सीढ़ी दीवार से जुड़ी हुयी नहीं होनी चाहिये।
यदि सीढ़ी की दिशा ईशान कोण में हो तो ऐसी स्थिति में आर्थिक स्थिति कमजोर हो सकती है और आर्थिक तंगी भी बढ़ती चली जाएगी।
यदि सीढ़ी गोलाकार हो तो सीढ़ियों के चढ़ाव clockwise डायरेक्शन में होना चाहिये anticlockwise नहीं होनी चाहिये।
कभी भुलकर भी घर के सामने सीढ़ी नहीं बनवाना क्योकि यह सबसे बड़ा वास्तु दोष माना जाता है। ऐसी स्थिति में मकान मालिक की आर्थिक स्थिति में काफी नुकसान हो सकता है।
सीढ़ीयो कि संख्या odd में होनी चाहिये जैसे 3,7,11,13।
सीढ़ी के वास्तु दोष दूर करने के लिए एक घड़े में बरसात का पानी भर ले और बरसात के पानी से भरे घड़े को सीढ़ी के नीचे रखकर जमीन के अंदर दबा देना चाहिए।
सीढ़ी के नीचे का बचा हुआ खाली स्थान हमेशा खाली रखना चाहिये ऐसा रखना शुभ माना जाता है।
समय -समय पर वास्तु एवं स्वास्थ्य से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारी देते रहेंगे।